Covid -19 यह इम्युनिटी और दवाओं से लड़ना सीख जाता है।
Latest update 10 November 2020 - WHO is continuously monitoring and responding
to this pandemic. This Q&A will be updated as more is known about COVID-19, how
it spreads and how it is affecting people worldwide. For more information,
regularly check the WHO coronavirus pages.
कोरोना के बढ़ते आंकड़ों से लोगों में दहशत, पिछले 24 घंटे में दो लाख से अधिक
मामले व 1185 लोगों की मौत भारत में कोरोना के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।
पिछले 24 घंटे में 2 लाख 17 हजार 353 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद देश में
कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 1,42,91,917 हो गई है। वहीं एक्टिव केसों
की संख्या 15,69,743 है। जबकि पिछले 24 घंटे में देश में इस बीमारी से 1,18,302
मरीजों के स्वस्थ होने के बाद कुल स्वस्थ होने वाले लोगों की संख्या 1,25,47,866
पहुंच गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार कोरोना
से 1,185 और लोगों की मौत होने के बाद कुल मृतकों की संख्या बढ़कर 1,74,308 पहुंच
गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कहा कि ‘’हम सिस्टम को सुधार करने
के लिए लगातार कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमें धैर्य और साहस के साथ काम
लेना है। वहीं डॉक्टरों को संबोधित करते हुए कहा कि ड़ॉक्टर परिस्थिति के मुताबिक
फैसला ले सकते हैं’’। वहीं बढ़ते आंकड़ों को देख यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने
प्रत्येक रविवार को पूर्ण लॉकडाउन लगाने की घोषणा की है। साथ ही उन्होंने सार्वजनिक
जगहों पर मास्क न लगाने वालों से पहली बार बिना मास्क के पकड़े जाने पर 1000 रुपये
जुर्माना व दूसरी बार पकड़े जाने पर दस गुना जुर्माना वसूलने के निर्देश दिए हैं।
वहीं दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने वीकेंड नाइट कर्फ्यू लगा दिया है। उन्होंने यह
भी भरोसा दिया कि दिल्ली में बेड की कमी नहीं होने दी जाएगी। बीते दिनों की बात
करें, तो 30 मार्च को कुल 53 हजार 480 केस आए थे, जो 31 मार्च को बढ़कर 72 हजार 330
हो गए और 1 अप्रैल को 81 हजार 466 केस के साथ नए रिकॉर्ड पर पहुंच गए। कोविड19 के
नए केसेस के 81% मामले जिन 8 राज्यों में सामने आए हैं, उनमें महाराष्ट्र,
छत्तीसगढ़, कर्नाटक, पंजाब, तमिलनाडु, केरल, दिल्ली और उत्तर प्रदेश शामिल हैं।
अन्य राज्यों में भी मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है।
डबल म्यूटेंट कोविड वेरिएंट ने बढ़ाई चिंता भारत में वैक्सीनेशन का कार्य प्रारंभ
होने के बीच चिंता की एक बात यह भी है कि कोरोना के नए मरीजों में डबल म्युटेंट
वायरस भी पाया गया है। दिसंबर 2020 के बाद कोरोना केस में कुछ कमी देखी जा रही थी ।
परंतु अचानक से इस बीमारी का एक नया स्ट्रेन देखा गया । जिसका असर सबसे पहले
महाराष्ट्र और केरल में देखा गया । यह नया स्ट्रेन ज्यादा खतरनाक बताया जा रहा है ।
अभी तक सामन्या कोरोना से लड़ना मुश्किल हो रहा था और यह नया स्ट्रेन कोरोना का और
भी ताकतवर वायरस बताया जा रहा है । आम भाषा में समझा जाए तो वायरस ज्यादा घातक होने
के लिए समय के साथ अपनी संरचना को बदलता रहता है। महाराष्ट्र, दिल्ली, पश्चिम
बंगाल, गुजरात, कर्नाटक, मध्य प्रदेश में डबल म्यूटेंट वायरस मिल रहा है। Also Read
- गर्भावस्था के दौरान कोविड – 19 से बचाव में किन बातों का रखें ध्यान क्यो
चिंताजनक है डबल म्युटेंट वायरस इस तरह के वायरस में एक चिंता की बात यह भी होती है
कि यह इम्युनिटी और दवाओं से लड़ना सीख जाता है। यूके स्ट्रेन के साथ जो बात देखी
गई थी, उसका एक म्यूटेशन डबल म्युटेंट वायरस के साथ भी है। यह ज्यादा आसानी से शरीर
के अंदर पहुंचकर नुकसान पहुंचाता है। देखने में यह भी आ रहा है कि लोगों में अधिक
निमोनिया हो रहा है और युवा भी इसकी अधिक चपेट में आ रहे हैं। एक चिंता की बात यह
भी है कि चिकित्सकों के संज्ञान में यह भी आया है कि यह वेरिएंट एंटीबॉडीज को
बाईपास करना भी सीख रहा है। नए लक्षणों वाले मरीजों की अधिकता वर्तमान में कोरोना
के कुछ नए लक्षण उभर कर आ रहे हैं जैसे :- जीभ पर धब्बे और सूजन का उभरना , स्किन
पर लालिमा , स्किन पर जलन , पाँवों के तलवों में जलन , पैरों के तलवों में सूजन ,
स्किन एलर्जी , डायरिया , उल्टी दस्त , अपच , पेट में दर्द , बहती हुई नाक , सुखी
खांसी , बुखार । Also Read - कैसे करें घर पर कोविड 19 के इलाज की तैयारी कोरोना के
शुरुआती लक्षण :- कोरोना वायरस से ग्रसित लोगों में शुरुआती तौर पर लोगों में • तेज़
बुखार • खांसी • जुकाम • गले में खराश • सांस लेने में तकलीफ होना • तेज़ सर दर्द
कोविड -19 के सामान्य लक्षण :- कोरोना वायरस के कुछ सामान्य लक्षण है जिनसे सतर्क
रहने की बहुत आवश्यकता है । • शरीर में दर्द एवं पीड़ा • गले में खराश • दस्त लगना
• आँख आना / आँखों में तकलीफ होना • सरदर्द / तेज़ सरदर्द • स्वाद या गंध का चला
जाना • त्वचा पर दाने या उंगलियों या पैर की उंगलियों का काटना , चुभन, लालिमा Read
more -क्या अंतर है कोवैक्सीन और कोविडशील्ड में ? कोरोना वायरस के गंभीर लक्षण :-
• सांस लेने में कठिनाई या सांस की तकलीफ • ऑक्सीज़न लेवल का गिरना • सीने में दर्द
या दबाव की शिकायत • बोलने और चलने-फिरने में परेशानी • शरीर का टूटने लगना दिसंबर
2020 के बाद कोरोना केस में कुछ कमी देखी जा रही थी । परंतु अचानक से इस बीमारी का
एक नया स्ट्रेन देखा गया । जिसका असर सबसे पहले महाराष्ट्र और केरल में देखा गया ।
यह नया स्ट्रेन ज्यादा खतरनाक बताया जा रहा है । अभी तक सामन्या कोरोना से लड़ना
मुश्किल हो रहा था और यह नया स्ट्रेन कोरोना का और भी ताकतवर वायरस बताया जा रहा है
। Also Read - हर छींक और खांसी कोरोना वायरस नहीं है वर्तमान में कोरोना के लक्षण
:- वर्तमान में कोरोना के कुछ नए लक्षण उभर कर आ रहे हैं जैसे :- जीभ पर धब्बे और
सूजन का उभरना , स्किन पर लालिमा , स्किन पर जलन , पाँवों के तलवों में जलन , पैरों
के तलवों में सूजन , स्किन एलर्जी , डायरिया , उल्टी दस्त , अपच , पेट में दर्द ,
बहती हुई नाक , सुखी खांसी , बुखार । वैक्सिनेशन से ही बचाव संभव भारत ने कोरोना की
रोकथाम के लिए बहुत काम किया है । भारत ही अकेला ऐसा देश है जिसने कोरोना की
वैक्सीन को न सिर्फ डेवलप किया बल्कि दूसरे देशों को भी वैक्सीन उपलब्ध करवाया है ।
भारत ने अभी तक 2 वैक्सीन कोविशील्ड और कोवैक्सीन डेवलप कर ली है और अब भारत 5 और
वैक्सीन्स पर काम कर रहा है । 16 जनवरी 2021 से भारत में वैक्सीनेशन का कम जारी है
। इन दोनों वैक्सीन्स को आपतकालीन वैक्सीन की मंजूरी मिली हुई है । भारत में अब 45
साल से अधिक उम्र के सभी लोगों को टीकाकरण प्रारंभ कर दिया गया है। वहीं 12 अप्रैल
2021 तक भारत में 10,45,28,565 लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाई जा चुकी है जो देश की
कुल आबादी का साढ़े सात फीसदी हिस्सा है। विदेशी वैक्सीन की जरूरत क्यों कोरोना की
नई लहर खासी संक्रामक मानी जा रही है और सरकार और विशेषज्ञों का कहना है कि संक्रमण
से बचाव के लिए जल्द से जल्द बड़ी आबादी का टीकाकरण करना आवश्यक है। फिलहाल देश में
देसी वैक्सीन में कोवैक्सिन और कोविशील्ड हैं लेकिन उनका उत्पादन इतनी बड़ी आबादी
का तेजी से टीकाकरण करने को पर्याप्त नहीं है। यही देखते हुए अब विदेशी वैक्सीन को
मंजूरी मिल रही है। Read also - कोवैक्सीन और कोविशील्ड वैक्सीन के साइड इफेक्ट
जॉनसन एंड जॉनसन भारत को अपने टीके देने में दिखा रहा दिलचस्पी इस बीच जॉनसन एंड
जॉनसन ने भी भारत को अपने टीके देने में दिलचस्पी दिखाई है और सेंट्रल ड्रग्स
स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन (CDSCO) से इस बारे में बात की। वो चाहता है कि
जल्द से जल्द देश में वो अपने क्लिनिकल ट्रायल शुरू कर सके। इस वैक्सीन की खासियत
यह है कि ये सिंगल डोज है, जबकि बाकी सारी वैक्सीन दो डोज में दी जा रही हैं।
सतर्कता बनाए रखना जरुरी यह बिल्कुल ना सोचें कि कोरोना खत्म हो गया है। साथ ही जिन
लोगों ने वैक्सीन लगवा ली है, वह भी मास्क का उपयोग जारी रखें और सोशल डिस्टेंसिंग
सहित अन्य नियमों का पालन करें। Article Tags Dr. KK Aggarwal Recipient of Padma
Shri, Vishwa Hindi Samman, National Science Communication Award and Dr B C Roy
National Award, Dr Aggarwal is a physician, cardiologist, spiritual writer and
motivational speaker. He is the Past President of the Indian Medical Association
and President of Heart Care Foundation of India. He is also the Editor in Chief
of the IJCP Group, Medtalks and eMediNexus More FAQs by Dr. KK Aggarwal Covid
Under Heading-Covid-19 and Vaccines Testing in Covid - 19 Fourth Vaccine Against
Coronavirus Please login to comment Add your comment here Related FAQs
Everything You need to know about Outbreak of Novel Corona virus Infection in
china Coronavirus In India: Symptoms,Cases And Latest Updates भारत में कोरोना
वायरस - सब कुछ जानिए WHO declares Global Health Emergency -India’s first case of
Coronavirus in Kerala केरल ने कोरोना वायरस का तीसरा मामला घोषित किया | कोरोना
वायरस सावधानियों कोरोना का कहर- कोरोना वायरस लेटेस्ट न्यूज़ कोरोना वायरस के बारे
में तथ्य और मिथक दिल्ली और तेलंगाना के बाद अब जयपुर में कोरोना ! कोरोना से बचने
के लिए कौन सा मास्क है सबसे बेस्ट ? Medtalks Logo Follow Us Term and Conditions
Privacy Policy Contact Us About Us


Comments
Post a Comment